दर्द का पैमाना
दर्द का अहसास
सबका अलग होता है
कोई कांटे पे
कोई फुल से
कोई धोखे पे
कोई प्रेम में
कोई खोने पे
कोई पाने पे
इसका अहसास पाता है
ओर ...
कोई मौत पर भी
इसे समझ नही पाता है

 

 

HTML Comment Box is loading comments...